रविवार, 10 अप्रैल 2016

लाचार मौत से सौदा किया -



कौन चाहता खेती -बेटी न फले फ़ूले
अभिशप्त लाचार मौत से सौदा किया

फासले कायम रहें ईमानवालों से बेईमानों ने नसीब को पैदा किया -

नाकामियों के डर से शमशीर छोड़ी

जंग से पहले हार को सिजदा किया

लिखते रहे नसीब औरों की बेखौफ

इंसानों इंसानियत से ही पर्दा किया

उदय वीर सिंह

1 टिप्पणी:

ब्लॉग बुलेटिन ने कहा…

ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन, " राजनीति का नेगेटिव - पॉज़िटिव " , मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !