बुधवार, 18 मई 2016

बदनाम बंद पड़ी हवेली का ...

बदनाम बंद पड़ी हवेली का दरवाजा खोला जाए
पत्थरो में इमारत है या इमारत में पत्थर टटोला जाए -
वसीयत किसके नाम है खूनी दस्तावेजों की
गुनाहों का वजन कितना है अब तो तोला जाए -
शमशीर बताएँगी उनपर खून के छींटे किसके हैं 
लब खामोश क्यों हैं, कुछ अल्फ़ाज़ तो बोला जाए -
हुश्न और इल्म की कब्रगाह ज़मींदोज़ होनी चाहिए
अगर हुआ है पाप तो वीर ! पाप को कबूला जाए -
उदय वीर सिंह

3 टिप्‍पणियां:

Dilbag Virk ने कहा…

आपकी इस प्रस्तुति का लिंक 18-05-2016 को चर्चा मंच पर चर्चा - 2347 में दिया जाएगा
धन्यवाद

Dilbag Virk ने कहा…

आपकी इस प्रस्तुति का लिंक 18-05-2016 को चर्चा मंच पर चर्चा - 2347 में दिया जाएगा
धन्यवाद

रश्मि शर्मा ने कहा…

शानदार रचना