गुरुवार, 16 फ़रवरी 2017

बधाइयाँ ISRO ! बधाइयाँ भारत !

स्वप्न प्रज्ञा माण की संकल्प की उड़ान है
स्वर्णाक्षरॉ में लिख गया इतिहास की पहचान है
तक्षशिला नालंदा का अंशुमान पुनः उग रहा 
भारत की है बसुंधरा भारत का आसमान है -
दिग दिगंत कह रहे माँ भारती की कोख धन्य
लिख रहा ब्रहमाण्ड भूमि भारत महान है -
उदय वीर सिंह

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